जैश-ए-मोहम्मद के एजेंट का पत्र- बल्ली में आरडीएक्स भर दिया है, PM मोदी के रैली के मंच पर लगा देना

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कानपुर (Agency)। कालिंदी एक्सप्रेस विस्फोट के बाद पड़ताल में बोगी से मिले पत्र ने सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ा दिए हैं। जैश-ए-मोहम्मद एजेंट के नाम से मिले इस पत्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली में आरडीएक्स से भरी बल्ली लगाने और शताब्दी एक्सप्रेस को निशाना बनाने के लिए दिल्ली-कानपुर रूट पर पुलिया उड़ाने की बात लिखी गई है। इसमें साढ़े पांच करोड़ रुपये बतौर बोनस देने की बात कही गई है।

इस पत्र में लिखा है दिल्ली-कानपुर रूट पर कानपुर से 30 किमी पहले 27 फरवरी को एक पुलिया को ब्लास्ट कर उड़ाना है। डेढ़ किलो आरडीएक्स विस्फोट कर कानपुर-दिल्ली शताब्दी एक्सप्रेस को निशाना बनाना है।

आनंद विहार बस अड्डे पर एक दिन पहले विस्फोटक दे दिया जाएगा। पत्र में सबसे ऊपर पैगाम और दाहिने कोने में 786 लिखा है। उसके नीचे जैश-ए-मोहम्मद एजेंट लिखा है। पत्र की शुरुआत में लिखा गया है कि मीटिंग कर इस बारे में सभी को अवगत कराया जा चुका है। दूसरे बिंदु में लिखा है मोदी के मंच को बम से उड़ाना है।

इसके लिए दो किलो आरडीएक्स मंच पर लगाई जाने वाली दस फीट बल्ली को काटकर भर दिया गया है। इस काम के लिए साढ़े पांच करोड़ रुपये दिए जाएंगे।

तलाशी के दौरान उसी बोगी में ही एक डायरी भी एटीएस को मिली है। डायरी में मक्कड़पुर गांव का नाम लिखा है। साथ ही वहां के आधा दर्जन से अधिक लोगों के नाम भी लिखे हैं। जांच अधिकारियों के मुताबिक डायरी में नंबर गेम में कुछ कोडवर्ड भी लिखे गए हैं। जांच एजेंसी के अधिकारी डायरी कब्जे में लेकर कोडवर्ड डीकोड करने में जुटे हैं।

पत्र की जांच कर रही है एटीएस 

एसएसपी अनंतदेव तिवारी ने बताया कि जो पत्र मिला है, उसकी जांच एटीएस कर रही है। पत्र के जरिए दी गई धमकियों को गंभीरता से लिया गया है। सभी उच्चाधिकारियों को जानकारी दे दी गई है। हालांकि कुछ जांच अधिकारियों का कहना है कि जिस तरह से पत्र लिखा गया है, उससे तो यह किसी की शरारत लग रही है।

उन्होंने बताया कि कालिंदी एक्सप्रेस में कम तीव्रता का धमाका हुआ है। इस मामले में पुलिस के साथ एटीएस ने जांच शुरू कर दी है। पत्र व डायरी मिली है। जो भी तथ्य सामने आएंगे, उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी। इस प्रकरण में जीआरपी फर्रुखाबाद में मामला दर्ज होगा।

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